अच्छी खबर: देश के 70 जिलों में सिमटा नक्सलवाद, 3 वर्षों में नक्सली हिंसा में 35% की कमी, केंद्र की आक्रामक रणनीति और कोरोना से नक्सली हुए पस्त

 

आज से 3 वर्ष पहले देश में नक्सलवाद काफी फैला हुआ था लेकिन मोदी सरकार के आने के बाद धीरे-धीरे नक्सलवाद का सफाया होता जा रहा है। केंद्र सरकार की आक्रामक रणनीति और कोरोना के कहर ने नक्सलियों की कमर तोड़ कर रख दी है। यही वजह है कि वर्ष 2018 में देश के 90 जिलों में अपनी हुकूमत चलाने का दावा करने वाले नक्सली अब वर्ष 2021 के मध्य तक 70 जिलों में सिमट कर रह गए हैं। इन 3 वर्षों में देश में नक्सल हिंसा में भी 35 फ़ीसदी से अधिक की कमी दर्ज की गई है। इस दौरान जिन 20 धुर नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में नक्सली गतिविधियां थम गई है, उन्हें केंद्र ने नक्सल मोस्ट घोषित कर दिया है।

पहले देश के 11 राज्य नक्सल प्रभावित माने जाते थे

केंद्र की सूची के अनुसार 3 वर्ष पहले देश के 11 राज्य नक्सल प्रभावित माने जाते थे, लेकिन चंदोली सोनभद्र और मिर्जापुर जिलों में नक्सली गतिविधियों में अंकुश लगने के बाद केंद्र ने उत्तर प्रदेश को नक्सल मुक्त राज्य घोषित कर दिया है। इस प्रकार अब देश में नक्सल मुक्त राज्य की संख्या 10 रह गई है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जून 2021 में नक्सल प्रभावित राज्यों के मुख्य सचिव और डीजीपी को पत्र लिखकर नक्सल उन्मूलन की दिशा में चल रहे प्रयासों में और तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। केंद्र के मुताबिक 2024 तक देश को नक्सल मुक्त बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए सभी राज्य सरकारों को काम करने को कहा गया है।

कोरोना की दूसरी लहर रही घातक

छत्तीसगढ़ में बस्तर रेंज के आईजी सुंदर्राज के मुताबिक कोविड-19 दूसरी लहर से नक्सलियों को भी काफी नुकसान पहुंचा है। उनकी ताकत का प्रतीक बने नक्सल बटालियन भी कोरोना की चपेट में आ गई है। लगभग 2 दर्जन से अधिक लक्षण लड़ाके मारे गए हैं। इसके साथ-साथ उनके केंद्रीय नेतृत्व के कई सदस्य भी कोरोनावायरस का शिकार हो गए हैं। पुलिस ने अपील की है कि कोरोना से संक्रमित नक्सली जंगल से बाहर आए तो पुलिस उनका इलाज करवाने को तैयार है। मंत्रालय द्वारा जारी रिपोर्ट में कहा गया है कि 2018 में देश के सर्वाधिक नक्सल हिंसा प्रभावित जिलों की संख्या 30 थी। 2021 में अब यह घटकर 25 हो गई है। 8 राज्यों के इन जिलों में 85 फ़ीसदी तक नक्सल हिंसा दर्ज की गई है।

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